जनजातीय संग्रहालय निर्माण से क्वार्टर पाड़ा में जलजमाव का खतरा
- SANTHAL PARGANA KHABAR
- Dec 6, 2025
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स्थानीय निवासियों ने डीसी से हस्तक्षेप की मांग
दुमका शहर के क्वार्टर पाड़ा (चूहा बागान) कोर्ट रोड के निवासियों ने क्षेत्र में जल निकासी की बढ़ती समस्या और आदिवासी संग्रहालय निर्माण से उत्पन्न हो रही नई परेशानियों को लेकर उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी को पुनः आवेदन सौंपा है। लोगों का कहना है कि समस्या अब गंभीर रूप ले रही है।

पुराने नाले को भरकर बनाया जा रहा पहुँच पथ
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि पुराने बस डिपो परिसर में बन रहे संग्रहालय के लिए ठेकेदार द्वारा बिना सूचना पट्ट लगाए कार्य किया जा रहा है। निर्माण स्थल पर पुराने नाले को भरकर 10–12 फीट तक मिट्टी डालकर पहुँच पथ बनाया जा रहा है, जिससे जल निकासी पूर्णतः अवरुद्ध होने का खतरा बढ़ गया है। यदि यह कार्य इसी तरह चलता रहा तो बारिश के दिनों में पानी घरों और सरकारी कार्यालयों में घुस सकता है।

प्रशासन को पहले भी दिया गया था आवेदन
निवासियों ने बताया कि 31 दिसंबर पिछले वर्ष भी उन्होंने नाला एवं सड़क पुनर्निर्माण की मांग को लेकर जिला प्रशासन को आवेदन दिया था। तत्कालीन उपायुक्त ने निरीक्षण और कार्रवाई का भरोसा दिया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।

संवेदनशील क्षेत्र में बढ़ रही समस्या
क्वार्टर पाड़ा प्रशासनिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है। इस इलाके से वर्षा व नाले का पानी होकर हिजला नदी तक जाता है। आसपास प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश आवास, सर्किट हाउस, मुख्य डाकघर, पंचायती राज कार्यालय, कंट्रोल रूम और कई अन्य सरकारी परिसरों पर जलजमाव का खतरा मंडरा रहा है।

निर्माण एजेंसी पर उदासीनता का आरोप
स्थानीय लोगों ने बताया कि निर्माण कार्य के दौरान उन्होंने कई बार जल निकासी के लिए व्यवस्था सुनिश्चित करने का आग्रह किया, लेकिन न तो नाला बनाया गया और न ही रास्ता छोड़ा गया। जेसीबी से लगातार मिट्टी भरने के कारण स्थिति और खराब होती जा रही है।

उपायुक्त से निरीक्षण और समाधान की मांग
निवासियों ने मांग की है कि उपायुक्त स्वयं स्थल का निरीक्षण करें और क्षतिग्रस्त नाले व सड़क का पुनर्निर्माण कराएं। साथ ही, संग्रहालय निर्माण स्थल पर उचित जल निकासी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े जलजमाव या संकट की स्थिति उत्पन्न न हो।




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