शिकारीपाड़ा में कोल कंपनी अधिकारी को ग्रामीणों ने बनाया बंधक, सहमति के बाद छोड़ा
- SANTHAL PARGANA KHABAR
- Mar 2
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दुमका जिले के शिकारीपाड़ा प्रखंड अंतर्गत बादलपाड़ा क्षेत्र में कोयला अन्वेषण कार्य को लेकर रविवार को उस समय तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब ग्रामीणों ने कोल कंपनी के एक अधिकारी को कथित रूप से बंधक बना लिया। ग्रामीण ग्राम सभा की पूर्व सहमति के बिना क्षेत्र में सर्वे और ड्रिलिंग कार्य का विरोध कर रहे थे। बाद में आपसी वार्ता और सहमति पत्र पर हस्ताक्षर के बाद अधिकारी को मुक्त कर दिया गया।
ग्राम सभा की अनुमति के बिना प्रवेश पर रोक
बैठक में ग्रामीणों ने स्पष्ट निर्णय लिया कि कल्याणपुर–बादलपाड़ा क्षेत्र के 11 मौजा में सर्वे विभाग या कंपनी के कोई भी पदाधिकारी ग्राम सभा की सहमति के बिना प्रवेश नहीं करेंगे। साथ ही यह भी तय किया गया कि भविष्य में प्रभावित गांवों में अंचल या ब्लॉक प्रशासन की पहल पर ही ग्राम सभा आयोजित की जाएगी और सभी बैठकें शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होंगी।
ड्रिलिंग मशीन शिफ्ट करने पर बनी सहमति
सहमति पत्र के अनुसार 01 मार्च 2026 को ग्राम प्रधान के आवास पर हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया कि बादलपाड़ा में स्थापित ड्रिलिंग मशीन को गांव स्थित सर्वे विभाग के कैंप कार्यालय में शिफ्ट किया जाएगा, जिसे 02 मार्च 2026 को दोपहर 12 बजे या उससे पहले ले जाने का प्रयास किया जाएगा। मशीन शिफ्ट होने के बाद स्थानीय प्रशासन की पहल पर ग्राम सभा आयोजित कर आम सहमति के आधार पर भविष्य की कार्यवाही पर निर्णय लिया जाएगा। बैठक को शांतिपूर्ण बताते हुए संबंधित अधिकारी ने कहा कि उनके और समन्वयक के साथ अच्छा व्यवहार किया गया तथा सहमति पत्र बिना किसी दबाव के हस्ताक्षरित किया गया।












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