दुमका के मसलिया खैरबनी बाजार में 200 साल पुराना मेला सीमित स्थान पर लगेगा
- SANTHAL PARGANA KHABAR
- Sep 20, 2025
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प्रशासन की पहल पर बैठक, सुरक्षा के लिए सीसीटीवी निगरानी का होगा इंतजाम
दुमका। खैरबनी बाजार में दुर्गा पूजा के बाद लगने वाले ऐतिहासिक मेले को लेकर शनिवार को अंचलाधिकारी रंजन यादव की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रमुख वासुदेव टुडू, डीएसपी इकुड डुंगडुंग, बीडीओ अजफर हसनैन और थाना प्रभारी राजेश रंजन मुख्य रूप से उपस्थित थे।

मेला स्थल की मापी और विवाद
बैठक की शुरुआत दुर्गा मंदिर के समीप हुई लेकिन बारिश के कारण खैरबनी मध्य विद्यालय में स्थानांतरित कर दी गई। बैठक से पहले राजस्व कर्मचारी और अमीन द्वारा मेला स्थल की मापी कराई गई, जिसमें खैरबनी बाजार की बसौड़ी जमीन डेढ़ बीघा और हटिया प्लॉट की चार बीघा सरकारी जमीन पाई गई।

मेला विरोधी पक्ष की आपत्ति
ग्राम प्रधान छवि बास्की के प्रतिनिधि लोगेन मरांडी, जियालाल, सुनील मुर्मु और अजित सोरेन ने कहा कि उन्हें दुर्गा पूजा से कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन मेले के दौरान शराब की बिक्री और पिछले साल की मारपीट जैसी घटनाओं को देखते हुए मेला नहीं लगने दिया जाएगा।

पूजा समिति का पक्ष
दुर्गा मंदिर पूजा समिति के शिवनारायण साह और ओमप्रकाश गुप्ता ने बताया कि यह मेला 200 साल पुरानी परंपरा है जिसमें विदेशों से भी लोग शामिल होने आते हैं। समिति ने कहा कि पूजा और मेले में लगभग तीन लाख रुपये का खर्च होता है और चार घंटे का यह मेला सभी के आनंद के लिए है।

प्रशासन का फैसला
डीएसपी और थाना प्रभारी ने आश्वासन दिया कि इस बार सुरक्षा पुख्ता रहेगी और सीसीटीवी निगरानी में मेला आयोजित होगा। अंत में प्रशासन ने निर्णय लिया कि मेला सीमित स्थान पर लगेगा और सरकारी जमीन पर आयोजन नहीं होगा।

शांति से आयोजन पर जोर
अंचलाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारियों ने कहा कि 200 साल पुरानी परंपरा को देखते हुए मेला शांतिपूर्ण और निर्विघ्न रूप से आयोजित किया जाएगा। पूजा समिति को सुरक्षा व्यवस्था के पालन की जिम्मेदारी दी गई है।




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